Page 31 - हिन्दी प्रशस्त 14 दिसम्बर
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क्या यह विद्यािी वबना वकसी की मिि क े िैवनक कायों जैसे वक गृहकायय पूरा
6.
करना, विक्षक क े वनिेिों का पालन करना या िौचालय का उपयोग करने में
असमिय है?
क्या यह विद्यािी भािनाओं और आिश्यकताओं को वयि करने में सक्षम
7.
नहीं है?
े
8. क्या आपको लगता है वक यह विद्यािी अनुवचत तरीक से नजर वमलाता है?
ें
9. क्या आपको लगता है वक यह विद्यािी कुछ हरकतों को िोहराता है, जैसे वक
े
वफरकी की तरह एक ही स्िान पर घूमना अििा बहुत ज्िी परिान हो जाता
े
ें
है,यवि इसकी पठन या अन्य सामग्री को वबना इससे पूछ वकसी और तरीक से
वयिवस्ित कर िेते है ?
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क्या यह विद्यािी पररिेिीय पररितयनों पर अप्रत्यावित तरीक से प्रवतवरया
10. करता है?
उिाहरि क े वलए- विद्यािी माता-वपता की डांट क े प्रवत उिासीन / बेवफर
ें
रहता हैं और कुछ सििनाओं जैसे,गमी,ठंड या चुभन पर कोई प्रवतवरया
नही िेता हैं।
12. विवनवद्रष्ट विद्या विवयांगता (विविष्ट अवधगम की अक्षमता)
विविष्ट अविगम की अक्षमता एक ऐसी वस्िवतयों का एक ऐसा विषम समूह अवभप्रेत है, वजसमें भाषा को बोलन े
े
या वलखने की प्रवरया द्वारा आलेखन करने में कमी विद्यमान होती है जो समझने, बोलने, पढ़ने, वलखने, अिय वनकालन या
े
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य
गवितीय गिना करने में कमी क े ऱूप में सामन आती है और इसक अंतगत बोिक विवयांगता वडस्लेवक्सया (पढ़ने से
े
संबवित), डायसग्रावफया (लेखन से समबवन्ित), डायसकलक ु वलया (गवितीय गिना से समबवन्ित), डायसप्रेवसया
े
(समन्िय और आंिोलनों से समबवन्ित) और विकासात्मक अफवसया (भाषा क े अविग्रहि से समबवन्ित) जैसी वस्िवतया ाँ
भी है। (आर.पी.डब्ल्यू.डी. 2016)
े
तावलका-13 : विविष्ट चकवलस्ट : विविष्ट अवधगम की अक्षमता
क्र.सं.
विवयांगता की वस्थवत विद्याथी का क्रमांक
क्या यह विद्यािी पढ़ने या वलखने में तुलनात्मक ऱूप से िीमा है?
1.
क्या इस विद्यािी की वलखािट पयायप्त अभ्यास क े बाि भी इतनी खराब है
2.
वक वलखािट की स्पष्टता में कमी है?
3.
क्या इस विद्यािी को संख्याओं, आंकड़ों,सांवख्यकीय तथ्यों यानी वतवियों,
िषों को याि रखने में कवठनाई और संघष का सामना करना पड़ता है?
य
क्या इस विद्यािी को पढ़े हुए का अिय समझने में लगातार परिानी होती है?
े
4.
क्या इस विद्यािी को सरल िब्लिों की ितयनी में कवठनाई होती है?
5.
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